मंगलुरु में CHTU आग में हुआ दुखद दुर्घटना, MRPL ने परिवार को आर्थिक सहायता का वचन दिया
परिचय
30 सितंबर 2026 को मंगळुरु स्थित मंगळुरु रिफ़ाइनरी और पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड (MRPL) के कोकर हाइड्रोट्रीटर यूनिट (CHTU) में लगी आग में श्री मनिष कर्कड़ा जी की मृत्यु हो गई। इस दुखद घटना पर MRPL के प्रबंधन ने गहरा शोक व्यक्त किया और परिवार को आर्थिक सहायता तथा बीमा लाभ देने का निर्णय लिया है।
मुख्य घटनाक्रम
आग की घटना के समय CHTU में चल रही रासायनिक प्रक्रिया के दौरान एक अनपेक्षित दुर्घटना ने बड़े पैमाने पर आग भड़का दी। तत्कालीन आपातकालीन प्रोटोकॉल के अनुसार कर्मचारियों को निकाला गया और अग्निशमन दल ने शीघ्र ही आग को नियंत्रित किया। परंतु, इस दौरान श्री कर्कड़ा जी को गंभीर चोटें लगीं, जिससे उनकी मृत्यु हो गई।
घटना के बाद MRPL के प्रबंधन ने तुरंत एक आपातकालीन बैठक बुलाई और दुर्घटना के कारणों की जांच के लिए एक स्वतंत्र कार्यदल गठित किया। प्रबंधन ने कहा कि दुर्घटना की पूरी जाँच चल रही है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा मानकों को और कड़ा किया जाएगा।
महत्वपूर्ण जानकारी
– आर्थिक सहायता: MRPL ने परिवार को 90 लाख रुपये की एकमुश्त आर्थिक सहायता देने का निर्णय लिया है।
– बीमा लाभ: परिवार को ग्रुप टर्म लाइफ इंश्योरेंस (GTLI) के तहत लगभग 10 लाख रुपये और वर्कमेन कॉम्पेन्सेशन पॉलिसी (WCP) के तहत 20 लाख रुपये का लाभ मिलेगा।
– कुल सहायता: ऊपर दिए गए लाभों के साथ कुल आर्थिक सहायता लगभग 1.20 करोड़ रुपये तक पहुँचती है।
– मेडिकल क्लेम: द्वितीयक कार्यबल के लिए मेडिकल क्लेम की योजना तैयार की जा रही है, जिसे दक्षिण कन्नड़ के सांसद और डिप्टी कमिश्नर के साथ चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया जाएगा।
– समयसीमा: MRPL का अनुमान है कि मेडिकल क्लेम व्यवस्था को पूरा करने में लगभग चार सप्ताह का समय लगेगा।
संबंधित बयान
MRPL के प्रबंधन के प्रमुख ने कहा, “हम इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हैं। श्री कर्कड़ा जी का परिवार हमारे दिल के बहुत करीब है और हम इस कठिन समय में उनके साथ खड़े हैं।” उन्होंने आगे कहा, “हमारा प्राथमिक उद्देश्य है कि हम अपने सभी कर्मचारियों और उनके परिवारों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण को सुनिश्चित करें। इस दिशा में हम हर संभव सहायता प्रदान करते रहेंगे।”
प्रभाव और संदर्भ
इस दुर्घटना ने उद्योग में सुरक्षा प्रोटोकॉल के महत्व को फिर से उजागर किया है। MRPL के प्रबंधन ने यह स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए वे सुरक्षा मानकों को और सुदृढ़ करेंगे। इसके अलावा, इस घटना से यह भी स्पष्ट होता है कि बड़े उद्योगों में कर्मचारियों के परिवारों के लिए बीमा और आर्थिक सहायता योजनाएँ कितनी महत्वपूर्ण हैं।
निष्कर्ष
मंगळुरु के MRPL में हुई CHTU आग के कारण श्री मनिष कर्कड़ा जी की मृत्यु एक बड़ी क्षति है। प्रबंधन ने परिवार को 1.20 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और बीमा लाभ देने का निर्णय लिया है, साथ ही द्वितीयक कार्यबल के लिए मेडिकल क्लेम की व्यवस्था भी चल रही है। MRPL ने यह वादा किया है कि वे अपनी सुरक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण नीतियों को और बेहतर बनाएँगे ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाएँ न हों। यह घटना हमें याद दिलाती है कि उद्योगों में सुरक्षा के प्रति सतर्क रहना अनिवार्य है और कर्मचारियों के परिवारों के लिए पर्याप्त सहायता उपलब्ध कराना आवश्यक है।
