बीआईआरसी 2026: नई दिल्ली में चावल व्यापार सम्मेलन ने किया रिकॉर्ड पंजीकरण, 32,467 प्रतिभागी

बड़ी खबर: बीआईआरसी 2026 का उद्घाटन नई दिल्ली में, 153 देशों के खरीदारों के साथ रिकॉर्ड 32,467 पंजीकरण

परिचय
नई दिल्ली के भारत मंडप में आज बीआईआरसी 2026 का तीन दिवसीय सम्मेलन शुरू हुआ। भारतीय चावल निर्यातकों और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों को एक मंच पर लाकर, यह कार्यक्रम 2027 के वैश्विक चावल मूल्य परिदृश्य पर चर्चा करने और उद्योग के लिए लाभ बढ़ाने के नए अवसरों की खोज का लक्ष्य रखता है।

मुख्य घटनाक्रम
इंडियन राइस एक्सपोर्टर्स फेडरेशन (IREF) द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में पहले ही 32,467 पंजीकरण हो चुके हैं, जिनमें 4,856 खरीदार 153 देशों से शामिल हैं। 65 वक्ताओं के साथ नौ ज्ञान सत्र और 2,038 व्यापार‑से‑व्यापार (B2B) बैठकों को डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से पहले ही तय कर लिया गया है।

महत्वपूर्ण आंकड़े
– पंजीकरण: 32,467
– अंतरराष्ट्रीय खरीदार: 4,856 (153 देशों से)
– वक्ता: 65
– ज्ञान सत्र: 9
– B2B बैठकें: 2,038
– प्रदर्शनी कंपनियाँ: 180 से अधिक
– भाग लेने वाले राज्य: 23 भारतीय राज्य

वक्ता और सत्र
उद्घाटन सत्र का शीर्षक “वैश्विक चावल मांग और आपूर्ति परिदृश्य 2027: मूल्य गिरावट या नया बुल रन?” है, जिसमें बासमती और गैर‑बासमती चावल के संभावित मूल्य आंदोलनों पर चर्चा होगी। एक अन्य सत्र में 2027 के लिए शीर्ष 10 चावल बाजारों की पहचान की जाएगी, जिसमें मांग, प्रतिस्पर्धा, उत्पाद उपयुक्तता, लागत और भुगतान जोखिमों को ध्यान में रखा जाएगा।

सत्रों के अलावा, कृषि सर्वेक्षण, मूल्य पूर्वानुमान, निर्यात दस्तावेज़ीकरण, बीमा, क्रेडिट, शिपिंग, गुणवत्ता प्रमाणन, सरकारी नीतियाँ, सततता और लाभदायक चावल मिलिंग पर भी चर्चा होगी।

व्यापारिक बैठकें
IREF के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष देव गार्ग ने कहा, “2,038 बैठकों के पहले से तय होने के साथ, शुरुआत से ही सार्थक व्यापारिक जुड़ाव पर ध्यान केंद्रित किया गया है।”

प्रदर्शनी
दूसरे लगातार वर्ष के लिए प्रदर्शनी स्थल पूरी तरह से बुक हो चुका है। 180 से अधिक कंपनियाँ अपने उत्पाद और क्षमताएँ प्रदर्शित करेंगी। 23 भारतीय राज्यों के भाग लेने से घरेलू चावल उत्पादन, प्रसंस्करण और व्यापार केंद्रों को अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों से जोड़ने का अवसर मिलेगा।

अनुभव क्षेत्र
नौ अनुभव क्षेत्र, जिनमें ‘ग्लोबल राइस आर्काइव’ शामिल है, चावल किस्मों, कृषि समुदायों, व्यंजनों और व्यावसायिक उपयोगों को प्रदर्शित करेंगे। आर्काइव में भारत और विश्व के लगभग 200 चावल किस्में शामिल होंगी।

सार्वजनिक कार्यक्रम
25 अक्टूबर को एक सार्वजनिक‑मुखी चावल महोत्सव आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में ITC होटल्स द्वारा क्यूरेटेड पाक गतिविधियाँ, शेफ प्रतियोगिताएँ, इन्फ्लुएंसर कुक‑ऑफ़, सांस्कृतिक प्रदर्शन और क्विज़ शामिल होंगे।

पिछले वर्ष का अनुभव
बीआईआरसी 2025 में 10,854 आगंतुकों ने भाग लिया, जिनमें 1,083 अंतरराष्ट्रीय खरीदार 90 से अधिक देशों से थे। EY के पोस्ट‑इवेंट मूल्यांकन के अनुसार, सम्मेलन ने 33,453 करोड़ रुपये के व्यापारिक प्रतिबद्धताओं को उत्पन्न किया, जो लगभग 8.63 मिलियन टन चावल को कवर करता है।

निष्कर्ष
बीआईआरसी 2026 ने वैश्विक चावल व्यापार के लिए एक महत्वपूर्ण मंच तैयार किया है। रिकॉर्ड पंजीकरण, अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की उपस्थिति और व्यापक ज्ञान कार्यक्रम के साथ, यह सम्मेलन भारतीय चावल उद्योग को 2027 के लिए नई दिशा देने का वादा करता है। व्यापारिक बैठकों और प्रदर्शनी के माध्यम से, निर्यातकों को वैश्विक बाजार में अपनी प्रतिस्पर्धा बढ़ाने के लिए ठोस अवसर मिलेंगे।

इस कार्यक्रम के दौरान, भारतीय चावल की विश्वसनीयता और गुणवत्ता को फिर से उजागर किया गया है, और यह स्पष्ट हुआ है कि सही रणनीति, नवाचार और सहयोग के साथ, भारतीय चावल निर्यातकों को वैश्विक स्तर पर और भी ऊँचाइयाँ हासिल करने का मौका मिलेगा।

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